“सत्यकाम इंटरनेशनल स्कूल विवाद: एनआरआई परिवार की CM योगी से न्याय की गुहार”

“सत्यकाम इंटरनेशनल स्कूल विवाद: एनआरआई परिवार की CM योगी से न्याय की गुहार”

मेरठ। सत्यकाम इंटरनेशनल स्कूल और उससे जुड़े ट्रस्ट को लेकर विवाद गहराता जा रहा हैं। ट्रस्ट से जुड़े  एनआरआई परिवार का आरोप है कि अनुज शर्मा और रश्मि मिश्रा ने उनके साथ विश्वासघात करते हुए न सिर्फ ट्रस्ट की कार्यप्रणाली को अपने हाथ में लिया, बल्कि आर्थिक अनियमितताओं और कथित षड्यंत्र के जरिए स्कूल संचालन पर कब्जा जमाने की कोशिश की।
एनआरआई परिवार का कहना है कि वे साउथ अफ्रीका में प्रवासी भारतीय हैं और इसी कारण अनुज शर्मा व रश्मि मिश्रा को संस्था से जुड़े कार्यों का लाभ उठाने का मौका मिला। आरोप है कि सत्यकाम एजुकेशनल ट्रस्ट/स्कूल का बैंक खाता पहले से होने के बावजूद इंडियन बैंक में अलग से खाता खुलवाया गया और स्कूल फीस की धनराशि का सीधा गबन शुरू कर दिया गया। इतना ही नहीं, स्कूल संचालन के लिए अलग से एक समिति भी गठित कर दी गई, जिसमें अपने करीबी लोगों को अहम पदों पर बैठाया गया।
परिवार के अनुसार अनुज शर्मा ने स्वयं को मैनेजर घोषित किया, जबकि रश्मि मिश्रा को मेंबर सेक्रेटरी बनाया गया। समिति में ऐसे लोगों को भी अभिभावक प्रतिनिधि बताया गया, जो पहले से ही स्कूल में शिक्षक के तौर पर कार्यरत थे। आरोप है कि यह सब सुनियोजित तरीके से ट्रस्ट की मूल संरचना और अधिकारों को कमजोर करने के लिए किया गया।

दस्तावेजों के अनुसार सत्यकाम एजुकेशनल ट्रस्ट की स्थापना दिसंबर 2010 में दयानंद शर्मा परिवार द्वारा की गई थी। ट्रस्ट के सेटलर और अध्यक्ष गिरीश कुमार शर्मा को सभी अधिकार दिए गए थे। स्थानीय होने के नाते अनुज शर्मा और उनके पिता को ट्रस्टी जरूर बनाया गया, लेकिन उन्हें किसी प्रकार के निर्णायक अधिकार नहीं दिए गए थे। इसके बावजूद आरोप है कि धीरे-धीरे स्कूल संचालन से वास्तविक ट्रस्टी को अलग-थलग कर दिया गया।
एनआरआई परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि हाल ही में हुई प्रेस वार्ता में अनुज शर्मा पक्ष ने मीडिया को गुमराह करने की कोशिश की। सवालों के सीधे जवाब देने से बचते हुए तथ्यों को घुमाया गया और वास्तविक ट्रस्ट डीड प्रस्तुत नहीं की गई, जबकि असली ट्रस्ट डीड पहले ही सार्वजनिक की जा चुकी है।

आज अनुज शर्मा की बेटी मानवी ने मीडिया के।सामने अपना पक्ष रखा था और कहा कि एनआरआई परिवार अनुज शर्मा और उसके परिवार को बर्बाद करना चाहता है इसी के चलते झूठे मुकदमे में उनके पिता केके जेल भी भिजवा दिया है लेकिन जब मीडिया ने उनसे एक।एक करके सवाल करने शुरू किए तो उन्होंने सवालों को घुमाना शुरू कर दिया और किसी भी सवाल का ठीक से जवाब नहीं दे पाई

अब पीड़ित एनआरआई परिवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और उन्हें न्याय दिलाया जाए। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो प्रवासी भारतीयों का संस्थाओं पर से भरोसा टूट सकता है।

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  • S Sonu kumar Kihfv hhfv
  • J Jagdish Chandra rathore Good
  • A Ashok Sax
  • D Devendra Kumar Bsp
  • S Sri bhagwan क्या इंडिया वाले यही सब सहने के लिये पैदा हुए है नितिन गडकरी साहब , कंपनी पर ऐसा फाइन लगाओ दूसरे भी याद रखे
  • P Pankaj kumar पुलिस
  • M Manish kumar parjapity Superb
  • P Pankaj kumar Jay shri ram